08/18/2026 | Press release | Distributed by Public on 08/18/2026 15:05
यूपी के कासगंज स्थित सहावर गेट लाइन पार स्थित राजपूत डेंटल वाली गली में मंगलवार को सेवानिवृत्त पुलिस कर्मी बाबूराम (67) पुत्र भगवंत सिंह ने अपने पोते दिग्विजय राजपूत (14) को मकान के एक कमरे में बंधक बना लिया। सुबह करीब सात बजे से पोते के साथ कमरे में बंद हैं। सूचना मिलने के बाद परिवार के लोग मौके पर पहुंचे। पुलिस कमरा खुलवाने का प्रयास कर रही है, लेकिन बुजुर्ग बंदूक से फायर करने की धमकी दे रहा है।
दरवाजा खुलवाने की कोशिश कर रही पुलिस - फोटो : अमर उजाला
पत्नी का हो चुका निधन, बेटा परिवार संग रहता है जयपुर
बाबूराम वर्ष 2019 में जिला मथुरा से पुलिस विभाग से सेवानिवृत्त हुए थे। उनकी पत्नी का बीमारी के चलते वर्ष 2021 में निधन हो चुका है। उनका बेटा अविनाश राजपूत जयपुर में काम करता है। जो अपनी पत्नी ओर बेटी के साथ जयपुर में रहता है। अविनाश को किसी पड़ोसी से जानकारी मिली कि उसके पिता बाबूराम कथित तौर पर पोते दिग्विजय की पिटाई करते हैं। जानकारी मिलने पर अविनाश अपने बेटे को लेने कासगंज पहुंचा, जहां उसे पता चला कि बाबूराम पोते को लेकर कमरे में बंद हैं।
दरवाजा खुलवाने की कोशिश कर रही पुलिस - फोटो : अमर उजाला
बिना बताए दादा हॉस्टल से पोते को ले आए
परिजन के अनुसार, दिग्विजय राजपूत फर्रुखाबाद स्थित सीपी इंटरनेशनल स्कूल के हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहा था। करीब एक महीने पूर्व बाबूराम कथित रूप से दिग्विजय को उसके माता-पिता को सूचना दिए बिना अपने साथ कासगंज ले आए थे।
दरवाजा खुलवाने की कोशिश कर रही पुलिस - फोटो : अमर उजाला
अब तक नहीं खुला कमरे का दरवाजा
फिलहाल पुलिस घर के बाहर खड़े होकर कमरा खुलवाने का प्रयास कर रही है, लेकिन बुजुर्ग घर का दरवाजा नहीं खोल रहे हैं। मामले की जानकारी होने पर एसडीएम सदर एसएन त्रिपाठी, सीओ आंचल चौहान, तहसीलदार बलवंत उपाध्याय आदि ने मौके पर पहुंच गए। उन्होंने परिजन से जानकारी की और कमरा खुलवाने के प्रयास में लगे हैं।