Ministry of Heavy Industries of the Republic of India

04/28/2026 | Press release | Distributed by Public on 04/28/2026 04:59

भारत इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण के क्षेत्र में विश्व के लिए प्रमुख विश्वसनीय मूल्य श्रृंखला और आपूर्ति श्रृंखला भागीदार के रूप में उभरेगा: श्री अश्विनी वैष्णव, केंद्रीय[...]

इलेक्ट्रानिक्स एवं आईटी मंत्रालय

भारत इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण के क्षेत्र में विश्व के लिए प्रमुख विश्वसनीय मूल्य श्रृंखला और आपूर्ति श्रृंखला भागीदार के रूप में उभरेगा: श्री अश्विनी वैष्णव, केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री


केंद्रीय मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने विशाखापत्तनम में गूगल क्लाउड इंडिया एआई हब के शिलान्यास समारोह में भाग लिया

विशाखापत्तनम "एआई पत्तनम" बनने जा रहा है, जो भारत की एआई और डेटा क्रांति को गति देगा

प्रविष्टि तिथि: 28 APR 2026 1:55PM by PIB Delhi

केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी, रेल और सूचना एवं प्रसारण मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने कहा है कि मजबूत नीतिगत समर्थन और दूरदर्शी नेतृत्व के बल पर भारत इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण क्षेत्र में विश्व के लिए प्रमुख विश्वसनीय मूल्य श्रृंखला और आपूर्ति श्रृंखला भागीदार के रूप में उभरने के लिए तैयार है।

श्री वैष्णव विशाखापत्तनम में गूगल क्लाउड इंडिया एआई हब के शिलान्यास समारोह के बाद सभा को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री एन. चंद्रबाबू नायडू, कई केंद्रीय मंत्री, राज्य मंत्री और उद्योग जगत के दिग्गज उपस्थित थे।

लगभग 15 अरब अमेरिकी डॉलर के अनुमानित निवेश वाली यह परियोजना अदाणी कॉनेक्स और एयरटेल एनएक्सट्रा के साथ साझेदारी में विकसित की जा रही है जिसमें विशाखापत्तनम में 1 गीगावॉट का हाइपरस्केल एआई डेटा सेंटर शामिल होगा। आंध्र प्रदेश सरकार ने इस परियोजना के लिए तुरलुवाड़ा, रमबिल्ली और अदाविवरम क्षेत्रों में लगभग 600 एकड़ भूमि आवंटित की है।

भारत का इलेक्ट्रॉनिक्स और विनिर्माण क्षेत्र में उदय:

श्री अश्विनी वैष्णव ने इस बात का उल्लेख किया कि भारत सूचना प्रौद्योगिकी संबंधी सेवाओं में अग्रणी देश के रूप में पहले ही उभर चुका है और अब इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण में तेजी से प्रगति कर रहा है।

मंत्री महोदय ने माननीय प्रधानमंत्री के दृष्टिकोण की सराहना करते हुए इस बात पर बल दिया कि देश को सेमीकंडक्टर, क्वांटम, अंतरिक्ष और कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैसे प्रौद्योगिकी के प्रमुख क्षेत्रों में वैश्विक केंद्र के रूप में उभरने की आवश्यकता है।

उन्होंने कहा कि भारत ने मोबाइल विनिर्माण के क्षेत्र में महत्वपूर्ण प्रगति की है और मोबाइल फोन देश के प्रमुख निर्यात उत्पादों में से एक बन गए हैं। घरेलू इलेक्ट्रॉनिकी की मांग का लगभग 50 प्रतिशत हिस्सा अब स्थानीय उत्पादन से पूरा हो रहा है। सेमीकंडक्टर मिशन के अंतर्गत भारत में वाणिज्यिक उत्पादन शुरू हो चुका है।

मंत्री महोदय ने इस बात पर बल दिया कि भारत सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन में विश्वसनीय भागीदार बन रहा है। उन्होंने गूगल सहित वैश्विक प्रौद्योगिकी कंपनियों से अपने सर्वर, जीपीयू और चिप्स का निर्माण देश में ही करने का आह्वान किया।

विशाखापत्तनम एआई हब के रूप में उभर रहा है:

मंत्री महोदय ने इस परियोजना को परिवर्तनकारी बताते हुए कहा कि अत्याधुनिक बुनियादी ढांचे और वैश्विक निवेश के बल पर विशाखापत्तनम एआई पत्तनम (एआई सिटी) में बदल जाएगा।

उन्होंने सूचना प्रौद्योगिकी के अनुकूल परिवेश विकसित करने के लिए मुख्यमंत्री श्री चंद्रबाबू नायडू के दृष्टिकोण की सराहना की और कहा कि नया एआई डेटा सेंटर शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, एयरोस्पेस, लॉजिस्टिक्स और कृषि जैसे क्षेत्रों में क्रांतिकारी परिवर्तन लाएगा।

उन्होंने विशाखापत्तनम से समुद्र के भीतर तीन ऐसे केबल बिछाने के लिए गूगल को धन्यवाद भी दिया जो ऑस्ट्रेलिया, मध्य पूर्व, यूरोप, अफ्रीका और संयुक्त राज्य अमेरिका से होकर वैश्विक डिजिटल मार्गों को जोड़ते हैं।

इस अवसर पर उद्योग जगत के दिग्गजों ने परियोजना के रणनीतिक महत्व पर बल दिया। गूगल क्लाउड ग्लोबल इंफ्रास्ट्रक्चर के उपाध्यक्ष बिकाश कोले ने कहा कि यह एआई हब विकसित भारत 2047 की नींव बनेगा और भारत के डिजिटल परिवर्तन तथा वैश्विक एआई अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

अदाणी समूह के अध्यक्ष जीत अदाणी ने कहा कि 1 गीगावॉट का हाइपरस्केल एआई डेटा सेंटर भारत की एआई यात्रा में महत्वपूर्ण मील का पत्थर है और विशाखापत्तनम को भारत के लिए नए डिजिटल प्रवेश द्वार के रूप में स्थापित करेगा।

इस कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्रियों, वरिष्ठ राज्य मंत्रियों, संसद सदस्यों, उद्योग जगत के दिग्गजों और गूगल, अदाणी समूह, एयरटेल एनएक्सट्रा तथा अन्य संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

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पीके/केसी/केके/एनजे


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