Amar Ujala Ltd

11/01/2026 | Press release | Distributed by Public on 10/31/2026 20:10

एआई का असर: क्यों लगातार महंगे हो रहे हैं स्मार्टफोन्स? जानिए क्या है एआई और चिप संकट का असली खेल

{"_id":"6ae5fba7501b53185a0263af","slug":"why-are-smartphones-getting-more-expensive-ai-chip-crisis-rising-costs-and-impact-on-buyers-2026-10-31","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"एआई का असर: क्यों लगातार महंगे हो रहे हैं स्मार्टफोन्स? जानिए क्या है एआई और चिप संकट का असली खेल","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}

एआई का असर: क्यों लगातार महंगे हो रहे हैं स्मार्टफोन्स? जानिए क्या है एआई और चिप संकट का असली खेल

Sun, 01 Nov 2026 06:07 AM IST
संकल्प प्रकाश सिंह स्पेशल डेस्क, अमर उजाला
स्पेशल डेस्क, अमर उजाला Published by: संकल्प प्रकाश सिंह Updated Sun, 01 Nov 2026 06:07 AM IST
सार

स्मार्टफोन की बढ़ती कीमतों ने आम ग्राहकों का बजट बिगाड़ने का काम किया है। आखिर एआई चिप संकट, मेमोरी की बढ़ती मांग और आयात लागत के कारण स्मार्टफोन इतने महंगे क्यों हो रहे हैं?

विज्ञापन
Why Are Smartphones Getting More Expensive - फोटो : Amar Ujala AI Generated
  • Link Copied

विस्तार

आज के समय स्मार्टफोन हमारी जिंदगी का एक अहम हिस्सा बन चुका है। ऑनलाइन पढ़ाई से लेकर बैंकिंग, खरीदारी और मनोरंजन तक कई जरूरी काम के लिए यह उपयोग में आ रहा है। वहीं पिछले कुछ समय से नया स्मार्टफोन खरीदना लोगों की जेब पर भारी पड़ने लगा है। पहले जो फोन कम कीमत में मिल जाते थे अब उनके लिए ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं।

विज्ञापन


खास बात यह है कि कीमतों में बढ़ोतरी सिर्फ महंगे स्मार्टफोन तक सीमित नहीं है बल्कि बजट और मिड-रेंज फोन भी इससे काफी प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में सवल उठता है कि आखिर स्मार्टफोन इतने महंगे क्यों होते जा रहे हैं? आइए जानते हैं कि स्मार्टफोन की कीमतों में बढ़ोतरी के पीछे कौन-कौन से कारण हैं और इसका आम ग्राहकों के ऊपर क्या असर पड़ रहा है।
विज्ञापन

क्यों महंगे हो रहे हैं स्मार्टफोन?

एक रिसर्च के मुताबिक 2026 में अब तक भारत में स्मार्टफोन की कीमतों में दुनिया के अन्य बाजारों के मुकाबले सबसे ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की गई है। देश में स्मार्टफोन की औसत खुदरा कीमतें 21 फीसदी बढ़ गई हैं। यह बढ़ोतरी एशिया प्रशांत क्षेत्र में 19 फीसदी, मध्य पूर्व और अफ्रीका में 18 फीसदी और लैटिन अमेरिका में 16 फीसदी रही है। इस आंकड़े से साफ है कि भारत में स्मार्टफोन खरीदना पहले के मुकाबले काफी महंगा हो गया है। कीमतों में इस तेज बढ़ोतरी का असर बजट से लेकर महंगे स्मार्टफोन खरीदने वाले ग्राहकों पर पड़ रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन


स्मार्टफोन की कीमतों में बढ़ोतरी की एक बड़ी वजह दुनिया भर में मेमोरी चिप्स की बढ़ती मांग है। आपको बता दें कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के तेजी से विस्तार के कारण बड़ी-बड़ी टेक कंपनियां एआई डाटा सेंटर बना रही हैं। इन डाटा सेंटरों को चलाने के लिए हाई-बैंडविड्थ मेमोरी (HBM) और DRAM जैसी चिप्स की भारी जरूरत पड़ रही है। इस बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए मेमोरी चिप बनाने वाली कंपनियां अब एआई सर्वर में इस्तेमाल होने वाली ज्यादा मुनाफा देने वाली चिप्स के उत्पादन को प्राथमिकता देने का काम कर रही हैं।
Trending Videos
Why Are Smartphones Getting More Expensive - फोटो : Amar Ujala AI Generated

बाजार में जब इन चिप्स की उपलब्धता कम होती है, तो इनकी कीमतें तेजी से बढ़ने लगती हैं। इसका सीधा असर स्मार्टफोन बनाने वाली कंपनियों की लागत पर पड़ता है। रिपोर्ट की मानें तो पहले स्मार्टफोन की कुल उत्पादन लागत में मेमोरी का हिस्सा करीब 12 फीसदी था, जो अब बढ़कर 40 से 45 फीसदी तक पहुंच सकता है। ऐसे में कंपनियों के लिए फोन की पुरानी कीमत बनाए रखना काफी मुश्किल हो रहा है।

स्मार्टफोन की कीमतों में बढ़ोतरी का सबसे ज्यादा असर बजट फोन पर देखने को मिल रहा है। 10 हजार रुपये से कम कीमत वाले स्मार्टफोन औसतन करीब 32 फीसदी महंगे हो गए हैं। इसकी वजह यह है कि कम कीमत वाले फोन की कुल उत्पादन लागत में मेमोरी चिप्स का हिस्सा ज्यादा होता है। बजट सेगमेंट के स्मार्टफोन की कीमत बढ़न से इनकी मांग भी प्रभावित हुई है। 2026 की पहली छमाही में इस श्रेणी के स्मार्टफोन की बिक्री पिछले साल के मुकाबले 65 फीसदी गिर गई। वहीं 10 हजार से 15 हजार रुपये वाले मिड-रेंज फोन की बिक्री में भी 20 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है।

वहीं 20 हजार रुपये से ज्यादा कीमत वाले प्रीमियम स्मार्टफोन की बिक्री में बढ़ोतरी जारी रही। इसकी एक वजह यह है कि इन फोन की शुरुआती कीमत पहले से ही ज्यादा होती है। इस कारण लागत बढ़ने का असर ग्राहकों पर अपेक्षाकृत कम पड़ता है। इसके अलावा पुराने फोन के बदले छूट और बिना ब्याज वाली ईएमआई जैसी सुविधाओं से ग्राहकों को फोन खरीदना आसान हो जाता है। इससे महंगे स्मार्टफोन की मांग बनी हुई है।

भारत में बड़ी संख्या में स्मार्टफोन की असेंबलिंग होती है। हालांकि, यहां ध्यान देने वाली बात ये भी है कि इन स्मार्टफोन के कई जरूरी पार्ट्स दूसरे देशों से आयात किए जाते हैं। इनमें प्रोसेसर, डिस्प्ले, मेमोरी चिप्स और कैमरा सेंसर जैसे महत्वपूर्ण हिस्से शामिल हैं। वहीं जब भारतीय रुपये की कीमत डॉलर के मुकाबले गिरती है या आयात की लागत बढ़ती है, तो कंपनियों को इन पार्ट्स को खरीदने के लिए ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ते हैं। इस बढ़ी हुई लागत का असर स्मार्टफोन की कुल उत्पादन लागत पर पड़ता है। इस कारण कंपनियां इसकी भरपाई के लिए फोन की कीमतें बढ़ा सकती हैं। यह भी स्मार्टफोन की कीमत बढ़ने की वजह है।

कुल मिलाकर स्मार्टफोन की कीमतों में बढ़ोतरी के पीछे एआई की बढ़ती मांग, मेमोरी चिप्स की महंगाई और आयात की लागत जैसे कई कारण हैं। इनका सीधा असर स्मार्टफोन बाजार पर देखने को मिल रहा है। इस कारण ग्राहकों के लिए नया फोन खरीदना पहले के मुकाबले महंगा हो गया है। अगर आप भी नया स्मार्टफोन खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो अपनी जरूरत और बजट को ध्यान में रखकर फैसला लेना जरूरी है। वहीं कंपनियों के सामने भी यह चुनौती है कि वे इस बढ़ती लागत के बीच ग्राहकों को किफायती स्मार्टफोन कैसे उपलब्ध करा सकती हैं।

Amar Ujala Ltd published this content on November 01, 2026, and is solely responsible for the information contained herein. Distributed via Public Technologies (PUBT), unedited and unaltered, on November 01, 2026 at 02:10 UTC. If you believe the information included in the content is inaccurate or outdated and requires editing or removal, please contact us at [email protected]