02/23/2026 | Press release | Distributed by Public on 02/23/2026 04:35
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) भारत ने मीडिया में आई उस खबर का स्वतः संज्ञान लिया है जिसमें बताया गया है कि ओडिशा के केंद्रपाड़ा जिले के कम से कम छह लोगों को उनके नियोक्ता ने पिछले छह महीनों से थाईलैंड के बैंकॉक के पास एक इलाके में बंधक बनाकर रखा है। खबरों के अनुसार, यह घटना 17 फरवरी 2026 को तब सामने आई जब पीड़ितों ने अपनी आपबीती सुनाते हुए एक वीडियो रिकॉर्ड किया। उन्हें कारखाने के भीतर कैद करके उनके नियोक्ता द्वारा शारीरिक और मानसिक यातनाएं दी जा रही हैं।
आयोग ने माना है कि यदि समाचार रिपोर्ट में दी गई जानकारी सत्य है तो यह पीड़ितों के मानवाधिकारों के गंभीर उल्लंघन का मुद्दा है। अतः आयोग ने विदेश मंत्रालय से इस संबंध में जानकारी मांगी है कि क्या वे पीड़ितों के परिवारों को किसी प्रकार की सहायता प्रदान कर सकते हैं। इसपर एक सप्ताह के भीतर उत्तर मिलने की उम्मीद है।
19 फरवरी 2026 को प्रकाशित मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पीड़ित पिछले वर्ष अगस्त में एक श्रम ठेकेदार के माध्यम से थाईलैंड गए थे, जिसने उन्हें अच्छी तनख्वाह वाली नौकरी का वादा किया था। हालांकि, उन्हें प्लाईवुड कारखाने में बिना वेतन और उचित भोजन के प्रतिदिन 12 घंटे काम करने के लिए मजबूर किया गया। बताया जाता है कि उनके नियोक्ता ने उनके पासपोर्ट भी जब्त कर लिए हैं। उन्होंने भारत की सरकारी एजेंसियों से अपनी वापसी में सहायता की अपील की है।
*****
पीके/केसी/एसएस/एसएस