पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले की नैहाटी सीट से पूर्व टीएमसी विधायक सनत डे को पुलिस ने शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। उन पर वसूली और भाजपा कार्यकर्ताओं से कथित मारपीट के आरोप हैं। पुलिस ने उन्हें सुबह दत्तपुकुर से पकड़ा। उन्हें बाद में नैहाटी थाने ले जाया गया। पुलिस उन्हें शनिवार को बैरकपुर उपमंडलीय अदालत में पेश कर सकती है।
सनत डे की गिरफ्तारी के बाद भाजपा कार्यकर्ता नैहाटी थाने के बाहर जुट गए और विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस और स्थानीय सूत्रों के अनुसार, सनत डे बैरकपुर औद्योगिक क्षेत्र की राजनीति में प्रभावशाली रहे हैं। वह पूर्व राज्य मंत्री पार्थ भौमिक के करीबी सहयोगी माने जाते थे। वह पहले नैहाटी नगरपालिका के परिषद अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
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कई शिकायतें दर्ज होने का दावा
डे ने 2024 में उपचुनाव में टीएमसी के टिकट पर नैहाटी विधानसभा सीट से जीत दर्ज की थी। पार्थ भौमिक के विधानसभा सीट छोड़कर 2024 का बैरकपुर लोकसभा चुनाव लड़ने के बाद यह उपचुनाव हुआ था। हालांकि, 2026 के विधानसभा चुनाव में डे को हार का सामना करना पड़ा। भाजपा ने आरोप लगाया है कि सनत डे विधायक बनने से पहले और विधायक रहते हुए भी वसूली समेत कई आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहे। पिछले कुछ महीनों में उनके खिलाफ नैहाटी थाने में कई शिकायतें दर्ज होने की बात कही गई है।
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Naihati, West Bengal: Former TMC MLA from Naihati, Sanat Dey, has been arrested by Naihati police on charges of various acts of corruption pic.twitter.com/bFiBI9TuiA
- IANS (@ians_india)
August 8, 2026
शिकायतें दर्ज होने के बाद डे के कथित तौर पर फरार होने की बात सामने आई। पुलिस की टीमों ने उनके आवास पर तलाशी भी ली थी, लेकिन उस समय वह नहीं मिले। इसके बाद शनिवार को दत्तपुकुर से उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
अर्जुन सिंह बोले- सभी आरोपों की हो जांच
गिरफ्तारी पर नोआपाड़ा से विधायक और राज्य के परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह ने कहा, "डे नैहाटी में मुख्य रूप से वसूली करने वाले व्यक्ति के रूप में जाने जाते हैं। विधायक बनने के बाद उनका 'बिना निवेश वाला कारोबार' और बढ़ गया। उन्हें गिरफ्तार करने के लिए प्रशासन धन्यवाद का पात्र है। हम उनके सभी कथित अपराधों की पूरी जांच चाहते हैं।"
भाजपा नेता देबर्घ्य घोष ने दावा किया कि सनत डे विधायक बनने से पहले ही नैहाटी में वसूली का नेटवर्क चलाते थे और विधायक रहते हुए यह गतिविधियां और बढ़ गईं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विपक्षी कार्यकर्ताओं को परेशान किया गया और उनके खिलाफ झूठे मामले दर्ज कराए गए।
भाजपा ने लगाए क्या आरोप?
भाजपा महिला मोर्चा की नेता जिनिया चक्रवर्ती ने भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद उनकी राजनीतिक संबद्धता के कारण उनके घर में कई बार तोड़फोड़ की गई। उन्होंने दावा किया कि इलाके में कई भाजपा कार्यकर्ताओं को भी इसी तरह के हमलों का सामना करना पड़ा।